Mitti Ki Khushbu
मिट्टी की ख़ुशबू में,
माँ का प्यार है,
इस ज़मीन पर मरना भी,
मेरा अधिकार है।
Mitti ki khushbu mein,
Maa ka pyaar hai,
Is zameen par marna bhi,
Mera adhikaaar hai.
مٹی کی خوشبو میں، ماں کا پیار ہے
In the fragrance of this soil is a mother's love, and even dying on this land is the speaker's right and honour.
सुभाष की पुकार है,
तुम मुझे ख़ून दो,
मैं आज़ादी दूँगा,
यह वादा मेरा है।
हर घर तिरंगा लगाओ,
हर दिल में जज़्बा जगाओ,
भारत की शान बढ़ाओ,
गर्व से जीना सिखाओ।
फ़ौज का जवान है,
सबसे बड़ा इंसान है,
जान देता है देश के लिए,
यही उसकी पहचान है।
अपना भारत महान है,
इसकी संस्कृति पुरानी है,
हज़ारों सालों की विरासत,
यही हमारी कहानी है।
वतन की हवा जब छूती है,
रगों में लहू दौड़ता है,
इस देश के लिए जीना,
यही सच्चा प्यार होता है।
आज़ादी की क़ीमत,
ख़ून से चुकाई गई,
हर शहीद की क़ुर्बानी से,
यह धरती सजाई गई।