شاعری کی دنیا میں خوش آمدید
آج کی شاعری — Featured Shayari
तुम्हारी याद आती है रोज़ रात को,
आँखें बंद हों या खुली, बस तुम ही हो,
ये नींद भी अजीब है मेरी,
जागते हुए भी सपने दिखाती है।
तुमसे मिलना जैसे,
पहली बारिश का एहसास,
ना भूला जाए कभी,
ना बताया जाए किसी को।
दर्द को शब्दों में कहाँ कह सकता हूँ,
चुप रहकर भी तो दुखता है दिल,
जो समझे वो साथ है मेरे,
जो न समझे वो भीड़ में शामिल।
मोहब्बत में धोखा मिला,
यक़ीन का क़त्ल हुआ,
अब किसी पर भरोसा करना,
मुश्किल है बहुत।
रूह की बात जिस्म नहीं समझता,
दिल की बात ज़माना नहीं समझता,
यह दर्द मेरा अपना है,
इसे अब मैं ही समझता हूँ।
अब तो रोना भी नहीं आता,
आँखें पथरा गई हैं,
दर्द इतना पुराना है,
भावनाएं मर गई हैं।
मोहब्बत का कोई रंग नहीं,
फिर भी हर रंग में दिखती है,
जब तू साथ होता है,
दुनिया रंगीन लगती है।
तेरी मुस्कुराहट देखकर,
दिल बेक़रार हो जाता है,
जैसे बारिश में भीगी मिट्टी,
की ख़ुशबू आ जाती है।
तेरी आहट सुनकर,
दिल धड़कने लगता है,
जैसे बहार आती है,
हर कली खिलने लगती है।
हिम्मत रखो, आगे बढ़ो,
रास्ते तुम खुद बनाओ,
दुनिया नहीं देती राह,
अपनी मंज़िल खुद पाओ।
गिरना भी एक हुनर है,
उठना उससे बड़ा है,
हर बार ज़मीन छूने के बाद,
आसमान और पास लगता है।
नई राह बनाना ही असली हुनर है,
जो दूसरों की राह पर चले,
वो मंज़िल नहीं पाते,
जो खुद का रास्ता बनाए।