तेरी गली से गुज़रता हूँ,
पर दस्तक नहीं देता,
जानता हूँ अब वो घर,
मेरा नहीं है।
Teri gali se guzarta hoon,
Par dastak nahi deta,
Jaanta hoon ab woh ghar,
Mera nahi hai.
تیری گلی سے گزرتا ہوں، پر دستک نہیں دیتا
दिल का दरिया सूख गया,
तेरे जाने के बाद,
जो लहरें उठती थीं कभी,
वो थम गई हैं अब।
छोड़ गए तुम, छोड़ गए,
दिल के टुकड़े कर गए,
जो बाते कीं थी तुमने,
वो झूठ निकली आखिर में।
नए रिश्ते बनाना होगा,
पुराने भूलना होगा,
ज़िंदगी आगे बढ़ती है,
दिल को समझाना होगा।