ख़्वाबों का तालिब हूँ,
नींद में भी जागता हूँ।
Khwaabon ka taalib hoon,
Neend mein bhi jaagta hoon.
خوابوں کا طالب ہوں،
نیند میں بھی جاگتا ہوں۔
दर्द मेरा दोस्त है,
शायरी मेरी दवा।
वक़्त का फ़क़ीर हूँ,
पल-पल जीता हूँ।
ना उम्मीद नहीं हूँ,
उम्मीद ही मेरी शायरी है।